आईपीएल 2026: मिचेल स्टार्क की उपलब्धता पर हेमंत बदानी ने क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया की आलोचना की
Contents
- 1 हेमंत बदानी की क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया को सीधी चुनौती: ‘मुझे स्टार्क पहले दिन से चाहिए थे’
- 2 मैच जिताऊ प्रदर्शन और कोच की प्रतिक्रिया
- 3 क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया का वर्कलोड मैनेजमेंट और स्टार्क की देरी
- 4 मिचेल स्टार्क: युवाओं के लिए एक आदर्श रोल मॉडल
- 5 युवा गेंदबाजों के मेंटर बने स्टार्क
- 6 आईपीएल 2026 में स्टार्क के आंकड़े
हेमंत बदानी की क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया को सीधी चुनौती: ‘मुझे स्टार्क पहले दिन से चाहिए थे’
दिल्ली कैपिटल्स के मुख्य कोच हेमंत बदानी ने आईपीएल 2026 में टीम के स्टार तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क की उपलब्धता में देरी को लेकर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (Cricket Australia) पर निशाना साधा है। यह विवाद तब और गहरा गया जब स्टार्क ने राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए 62वें मैच में शानदार गेंदबाजी करते हुए अपनी टीम को जीत दिलाई।
मिचेल स्टार्क, जो दिल्ली कैपिटल्स के गेंदबाजी आक्रमण की धुरी हैं, चोट की चिंताओं के कारण क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया द्वारा क्लीयरेंस में देरी के चलते टूर्नामेंट के शुरुआती चरण में उपलब्ध नहीं हो पाए थे। बदानी के अनुसार, एक कोच के तौर पर वह चाहते थे कि उनका सबसे बड़ा मैच-विजेता खिलाड़ी टूर्नामेंट के पहले दिन से ही टीम के साथ हो, लेकिन राष्ट्रीय बोर्ड के हस्तक्षेप ने उनकी योजनाओं को प्रभावित किया।
मैच जिताऊ प्रदर्शन और कोच की प्रतिक्रिया
राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ मुकाबले में मिचेल स्टार्क ने अपनी उपयोगिता साबित की। उन्होंने अपने कोटे के ओवरों में 40 रन देकर 4 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए, जिसने राजस्थान की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। इस प्रदर्शन के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए हेमंत बदानी ने अपनी भड़ास निकाली।
हेमंत बदानी ने कहा: “आदर्श रूप से, मैं चाहूंगा कि मेरे खिलाड़ी पहले दिन से ही मेरे पास उपलब्ध रहें। स्टार्क शायद मेरी टीम के सबसे बड़े खिलाड़ियों में से एक हैं। हमने उन पर भारी निवेश किया है और हम जानते हैं कि वह एक मैच-विजेता खिलाड़ी हैं। लेकिन जब क्रिकेट संघों और शासी निकायों द्वारा कुछ चीजें तय की जाती हैं, तो हम बहुत कम कर सकते हैं। अगर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया उन्हें रिलीज नहीं करता है, तो एक कोच या कोई भी फ्रेंचाइजी कुछ नहीं कर सकती।”
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया का वर्कलोड मैनेजमेंट और स्टार्क की देरी
गौरतलब है कि क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने व्यस्त अंतरराष्ट्रीय शेड्यूल के बाद स्टार्क के वर्कलोड को बहुत सावधानी से मैनेज किया है। इस वजह से वह आईपीएल 2026 के शुरुआती मैचों से बाहर रहे और उन्होंने दिल्ली कैपिटल्स के लिए अपना पहला मैच 1 मई को राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ खेला।
दिल्ली कैपिटल्स की टीम टूर्नामेंट की शुरुआत में गेंदबाजी विभाग में निरंतरता के लिए संघर्ष कर रही थी। ऐसे में स्टार्क की अनुपस्थिति टीम के लिए एक बड़ा झटका साबित हुई। बदानी का मानना है कि जब कोई फ्रेंचाइजी किसी खिलाड़ी पर बड़ी बोली लगाती है, तो वे उम्मीद करते हैं कि खिलाड़ी पूरे सीजन के लिए उपलब्ध रहे, लेकिन बोर्ड्स की नीतियां अक्सर इसमें बाधा बनती हैं।
मिचेल स्टार्क: युवाओं के लिए एक आदर्श रोल मॉडल
हेमंत बदानी ने न केवल स्टार्क की गेंदबाजी की सराहना की, बल्कि उनके कार्य करने के तरीके (Work Ethic) की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने स्टार्क को विश्व क्रिकेट के सर्वश्रेष्ठ रोल मॉडल्स में से एक बताया।
तैयारी और कार्य नीति में बेजोड़
बदानी ने बताया कि स्टार्क की खेलों से पहले की तैयारी और उनका प्रशिक्षण का स्तर अद्भुत है। उन्होंने कहा, “उनकी कार्य नीति, अपनी योजनाओं के साथ खेल से पहले की उनकी तैयारी और उनका प्रशिक्षण औसत से कहीं ऊपर है। मैं इसे कई युवा लड़कों के साथ भी नहीं देखता। यही कारण है कि वह इतने लंबे समय तक टिके हुए हैं।”
एशेज का उदाहरण और स्टार्क का कद
कोच ने स्टार्क के महत्व को समझाने के लिए हालिया एशेज सीरीज का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब पैट कमिंस और जोश हेज़लवुड जैसे गेंदबाज मौजूद नहीं थे, तब स्टार्क ने अपने दम पर ऑस्ट्रेलिया को जीत दिलाई थी। यह दर्शाता है कि यह खिलाड़ी अकेले दम पर मैच का पासा पलटने की क्षमता रखता है।
युवा गेंदबाजों के मेंटर बने स्टार्क
मैदान पर अपने प्रदर्शन के अलावा, मिचेल स्टार्क दिल्ली कैपिटल्स के कैंप में युवा गेंदबाजों के मार्गदर्शन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। हेमंत बदानी ने खुलासा किया कि स्टार्क लगातार अपने ज्ञान को युवाओं के साथ साझा करते हैं।
- रिवर्स स्विंग की कला: स्टार्क युवाओं को बताते हैं कि गेंद को रिवर्स स्विंग कैसे कराया जाता है।
- लेंथ कंट्रोल: वे सिखाते हैं कि दबाव की स्थिति में अपनी लेंथ को कैसे नियंत्रित किया जाए।
- रणनीतिक सोच: जब कोई बल्लेबाज आक्रामक बल्लेबाजी कर रहा हो, तो विकेट लेना है या रक्षात्मक रुख अपनाना है, इस पर स्टार्क युवाओं के साथ विस्तार से चर्चा करते हैं।
बदानी ने कहा कि स्टार्क ड्रेसिंग रूम में जो अनुभव और बातचीत लेकर आते हैं, वह टीम के लिए अमूल्य है।
आईपीएल 2026 में स्टार्क के आंकड़े
देर से टीम में शामिल होने के बावजूद, मिचेल स्टार्क ने बहुत ही कम समय में अपनी छाप छोड़ी है। आईपीएल 2026 में अब तक खेले गए केवल पांच मैचों में उन्होंने 9 विकेट अपने नाम किए हैं। उनका यह फॉर्म दिल्ली कैपिटल्स के लिए टूर्नामेंट के अंतिम चरण में बेहद महत्वपूर्ण होने वाला है। दिल्ली कैपिटल्स की नजर अब स्टार्क के इसी फॉर्म की बदौलत प्लेऑफ की दौड़ में अपनी स्थिति मजबूत करने पर है।
बदानी के इस बयान ने आईपीएल और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट बोर्डों के बीच के पुराने विवाद को एक बार फिर से हवा दे दी है, जहाँ फ्रेंचाइजी खिलाड़ियों की पूर्ण उपलब्धता की मांग करती हैं, जबकि बोर्ड अपने खिलाड़ियों को चोटों से बचाने के लिए उन पर प्रतिबंध लगाते हैं।