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Vaibhav Sooryavanshi And Dhruv Jurel Take Up Difficult Challenge To Not Hit Sixe – वैभव सूर्यवंशी और ध्रुव जुरेल ने लिया अनोखा ‘डिफेंस’ चैलेंज

Raj Thapa · · 1 min read

राजस्थान रॉयल्स के सितारों का अनोखा अंदाज

आईपीएल 2026 के प्लेऑफ का रोमांच अपने चरम पर है। राजस्थान रॉयल्स की टीम अब एलिमिनेटर मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ मैदान में उतरने के लिए तैयार है। इस बड़े मैच से ठीक पहले, टीम के दो मुख्य खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी और ध्रुव जुरेल कुछ तनावमुक्त पलों का आनंद लेते दिखे। रेडबुल इंडिया के एक विशेष वीडियो चैलेंज में, इन दोनों बल्लेबाजों ने अपनी बल्लेबाजी के आक्रामक तेवरों को दरकिनार कर अपने ‘डिफेंसिव’ कौशल का परीक्षण किया।

मैदान पर साझेदारी का जलवा

इस सीजन में राजस्थान रॉयल्स की सफलता में वैभव सूर्यवंशी और ध्रुव जुरेल की भूमिका बेहद अहम रही है। आंकड़ों पर नजर डालें, तो इन दोनों ने मिलकर 7 पारियों में 401 रन जोड़े हैं और इनका औसत 57.28 का रहा है। वैभव सूर्यवंशी ने तो इस सीजन में अपनी बल्लेबाजी से तहलका मचा दिया है। उन्होंने 14 मैचों में 583 रन बनाए हैं, जिसमें उनका स्ट्राइक रेट 232.27 का रहा है, जो पूरे आईपीएल में सबसे अधिक है। दूसरी ओर, ध्रुव जुरेल एक भरोसेमंद एंकर की भूमिका निभाते हुए 38.17 की औसत से 458 रन बना चुके हैं।

क्या था वो चुनौतीपूर्ण रेडबुल चैलेंज?

रेडबुल के इस विशेष वीडियो में, वैभव और ध्रुव को एक ऊंची इमारत की छत पर बने एक विशेष सेटअप पर ले जाया गया। वहां एक घूमता हुआ स्कोरबोर्ड व्हील था। चुनौती यह थी कि उन्हें 30 गेंदों में 60 रन बनाने थे, लेकिन शर्त यह थी कि वे ऊंचे शॉट यानी छक्के नहीं मार सकते थे। उन्हें गेंद को डिफेंड करते हुए स्कोरबोर्ड के सुरक्षित घेरे में पहुंचाना था, जिसमें 1, 2, 3, 4 और 6 अंक थे, जबकि ‘आउट’ का एक सेगमेंट भी मौजूद था।

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चुनौती का स्तर तब और बढ़ गया जब बीच खेल में व्हील घूमने लगा। वैभव की शुरुआत थोड़ी धीमी रही, लेकिन ध्रुव जुरेल ने लगातार 4 और 6 रन जड़कर लय पकड़ी। अंत में, वैभव ने अंतिम गेंद पर एक जबरदस्त शॉट खेलकर अपनी टीम को जीत दिलाई, जो उनके शानदार फॉर्म को दर्शाता है।

राजस्थान रॉयल्स के लिए आगे की राह

राजस्थान रॉयल्स के इस सीजन के सफर पर गौर करें तो टीम काफी हद तक वैभव सूर्यवंशी के तूफानी प्रदर्शन पर निर्भर रही है। 15 वर्षीय वैभव ने विशेष रूप से पावरप्ले के दौरान टीम को जो शुरुआत दी, उसने कई बार मैच का रुख बदला है। हालांकि, टीम के मध्यक्रम में गहराई की कमी के कारण अक्सर सारा दबाव वैभव और ध्रुव जुरेल पर आ जाता है।

यदि राजस्थान रॉयल्स को आईपीएल 2026 का खिताब जीतना है, तो उन्हें केवल एक या दो खिलाड़ियों पर निर्भर रहने के बजाय सामूहिक प्रयास करने होंगे। टीम के अन्य बल्लेबाजों को मध्यक्रम में अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी ताकि वैभव और ध्रुव को खुलकर खेलने का मौका मिल सके। एलिमिनेटर मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ टीम का एकजुट होना ही उनकी जीत की कुंजी साबित हो सकता है।

निष्कर्ष

वैभव सूर्यवंशी और ध्रुव जुरेल जैसे युवा और प्रतिभावान खिलाड़ी न केवल मैदान पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं, बल्कि इस तरह की चुनौतीपूर्ण गतिविधियों में हिस्सा लेकर खेल के प्रति अपना समर्पण भी दिखा रहे हैं। अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या यह शानदार जोड़ी आरसी को फाइनल तक का सफर तय कराने में सफल हो पाती है या नहीं। क्रिकेट प्रशंसक निश्चित रूप से इस एलिमिनेटर मुकाबले का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।

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Written by Raj Thapa

Raj Thapa is a senior sports journalist for The Himalayan Times, widely regarded as one of the most consistent chroniclers of Nepal’s cricket journey from obscurity to the ICC global stage. A Tribhuvan University graduate, he began covering school and university cricket in the Kathmandu Valley before witnessing firsthand the national team’s rise through the World Cricket League. Raj specialises in fast bowling analysis, a rare focus in a region dominated by spin, and has tracked Nepal’s emerging seam attack with technical precision. He has reported from ICC World Cup Qualifiers, multiple Everest Premier League seasons, and bilateral series across South Asia. His writing blends match‑day insight with long‑term narratives about the structures and sacrifices behind Associate Member sport. A recipient of the NSJF award and his newspaper’s top journalism honour, Raj remains a passionate advocate for youth cricket and a firm believer that Nepal’s best sporting stories are yet to be written.